Saturday, August 3, 2019

स्टूडेंट पुलिस कैडेट योजना के छात्रों ने किया माया इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस्ड कम्प्युटिंग (MAAC) का भ्रमण




इंदौर दिनांक 03 अगस्त 2019- स्टूडेंट पुलिस कैडेट योजना के अंतर्गत,  इंदौर पुलिस द्वारा स्कूल के बच्चों को पुलिस की सामान्य जानकारी व सामाजिक बातों का प्रशिक्षण दिया जा रहा है। साथ ही उनके उज्जवल भविष्य के निर्माण के लिए नित नए प्रयास किए जा रहे हैं, इसी श्रृंखला में कल दिनांक  03.08.19 को शासकिय श्री सुभाष   उच्चतर माध्यमिक विद्यालय बड़ा गणपति इन्दौर के एसपीसी कैडेट्‌स को माया इंस्टीट्यूट ऑफ एडवांस्ड कम्प्युटिंग (MAAC) का विजीट करया गया।
             मॉक एकेडमी मे बच्चों के बेहतर भविष्य के लिए, आज के इस कंप्यूटर युग में कंप्यूटर की नई - नई  तकनीकों का ज्ञान दिया गया और उन्हें  संवाद कौशल के बारें मे जानकारी देतें हुए,  पर्सनालिटी डेवलपमेंट, POCSO- EBOX आदि का प्रशिक्षण दिया गया।
            इस अवसर पर  स्टूडेंट पुलिस कैडेट योजना की नोडल अधिकारी अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (मुखयालय) इंदौर श्रीमती मनीषा पाठक सोनी, वाक् प्रोडक्शन की  श्रीमती रचना जौहरी, वाक् प्रोडक्शन के श्री अभिषेक सिसोदिया, सुभाष स्कूल की श्रीमती रजनी जैन एवं श्रीमती किरण गुप्ता मैडम, MAAC  एकेडमी के डारेक्टर श्री महेंद्र सिसोदिया एवं श्री दीपेंद्र जी सहित MAAC की टीम तथा AICTSL का स्टाफ उपस्थित रहा, जिन्होंने बड़े ही रोचक ढंग से बच्चों को आवश्यक जानकारियां दी गई।




इन्दौर पुलिस द्वारा अपराधियों एवं असमाजिक तत्वों के विरूद्ध की जा रही प्रभावी कार्यवाही में, 77 अपराधी एवं असमाजिक तत्व इन्दौर पुलिस की गिरफ्त में



इन्दौर-दिनांक 03 अगस्त 2019-वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इंदौर, श्रीमती रूचि वर्धन मिश्र के निर्देशन में इन्दौर पुलिस के द्वारा कल दिनांक 02 अगस्त 2019 के सुबह से आज दिनांक 03 अगस्त 2019 के सुबह तक फरार, स्थायी व गिरफ्तारी वारंटियों तथा अपराधियों व असमाजिक तत्वों के विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही करते हुए कुल 77 अपराधियों एवं असमाजिक तत्वों को गिरफ्तार किया गया। जिसके अंतगर्त-

15 आदतन व 28 संदिग्ध बदमाश गिरफ्तार
इन्दौर पुलिस द्वारा कल दिनांक 02 अगस्त 2019 को शहर में अपराध करने की नीयत से घूमने वाले संदिग्ध बदमाशों तथा ऐसे आदतन अपराधी जो अपराध के बल पर ही अपनी आजिविका चलाते है, के विरूद्ध विभिन्न थाना क्षैत्रान्तर्गत में वैधानिक कार्यवाही करते हुए 15 आदतन व 28 संदिग्ध बदमाशों को गिरफ्तार किया जाकर धारा 110, 151 जा.फौ. के तहत प्रतिबन्धात्मक कार्यवाही की गई।

03 गैर जमानती, 26 गिरफ्तारी एवं 117 जमानती वारण्ट तामील
इन्दौर पुलिस द्वारा शहर में विभिन्न थाना क्षेत्रान्तर्गत में कलदिनांक 02 अगस्त 2019 को 03 गैर जमानती, 26 गिरफ्तारी एवं 117 जमानती वारण्ट तामील किये गये। पुलिस द्वारा अपने-अपने थाना क्षेत्रो में, न्यायालयों द्वारा विभिन्न प्रकरणो में जारी बदमाशों, अपराधियों एवं असमाजिक तत्वों के वारन्ट तामिल कराकर, वैधानिक कार्यवाही की गयी।

अवैध शराब सहित 03 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस थाना महूं द्वारा कल दिनांक 02 अगस्त 2019 को 22.45 बजे, मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर मेहता की चाल महूं से अवैध शराब बेचते/ले जाते हुए मिलें, तोपखाना कलाली महूं निवासी उमेश पिता राधाचरण परिहार को पकडा गया। पुलिस द्वारा इसके कब्जे से 1750 रूपयें कीमत की 22 क्वाटर अवैध शराब जप्त की गयी।
पुलिस थाना बड़गौंदा द्वारा कल दिनांक 02 अगस्त 2019 को 11.00 बजे, मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर राममंदिर के सामने डोंगरगांव से अवैध शराब बेचते/ले जाते हुए मिलें, डोंगरगांव जिला इंदौर निवासी पूनमचंद पिता गट्‌टूलाल यादव को पकडा गया। पुलिस द्वारा इसके कब्जे से अवैध शराब जप्त की गयी।
पुलिस थाना सदर बाजार द्वारा कल दिनांक 02 अगस्त 2019 को 21.55 बजे, मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर भोई मोहल्ला से अवैध शराबबेचते/ले जाते हुए मिलें, 20 भोई मोहल्ला इंदौर निवासी लक्ष्मीबाई पति गणेश गौड को पकडा गया। पुलिस द्वारा इसके कब्जे से 1000 रूपयें कीमत की 20 क्वाटर अवैध शराब जप्त की गयी।
पुलिस द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार कर इनके विरूद्व आबकारी एक्ट के तहत्‌ प्रकरण पंजीबद्व कर कार्यवाही की गयी है।

अवैध हथियार सहित 02 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस थाना चंदन नगर द्वारा कल दिनांक 02 अगस्त 2019 को मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर सिरपुर तालाब गेट के सामने एवं पंचमुखी हनुमान मंदिर के सामने पंचमूर्ति नगर से अवैध हथियार लेकर घूमते हुए मिलें, 117 राजकुमार नगर सिरपुर बांक इंदौर निवासी मो.निसार पिता मो.इसाक तथा पंचमूर्ति नगर इंदौर निवासी मुकेश पिता परसराम माहेश्वरी को पकडा गया। पुलिस द्वारा इनके कब्जे से पृथक-पृथक एक-एक अवैध छुरा जप्त किया गया।
पुलिस द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार कर इनके विरूद्व आर्म्स एक्ट के तहत्‌ प्रकरण पंजीबद्व कर कार्यवाही की गयी है।

Friday, August 2, 2019

· ओ0एल0एक्स0 (OLX) पर फर्जी तरीके से सुरक्षा बलों के अधिकारी/कर्मचारी बनकर, क्रय-विक्रय के नाम पर करोड़ों रूपये की ठगी करने वाले 02 ठग, इंदौर क्राईम ब्रांच की गिरफ्त में। · राजस्थान के भरतपुर, अलवर व म0प्र0 के भिण्ड जिले से दबिश देकर किया गिरफ्तार। · धोखाधड़ी करने वाले, सुरक्षा बलों में कार्यरत कर्मचारियों के नाम के फर्जी दस्तावेज व पहचान पत्र की कूट रचना कर बेईमानीपूर्वक करते थे उपयोग। · क्राईम ब्रांच इंदौर ने 79 नामजद आरोपियों सहित अन्य संलिप्त लोगों के विरूद्ध किया था अपराध पंजीबद्ध। · म0प्र0, उ0प्र0, राजस्थान, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, दिल्ली, महाराष्ट्र, बिहार, उत्तराखण्ड, तेलंगाना, झारखण्ड, छत्तीसगढ़ तथा पंजाब के रहवासी लगातार दे रहें हैं अ‍ॅनलाईन ठगी की वारदातों को अंजाम। · ई मित्र के माध्यम से ऑनलाईन फ्राड की राशि कमीशन के आधार पर प्राप्त करते थे आरोपीगण। · स्थानीय भाषा में ठगी करने वाले लोगों को कहते हैं ' टटलू '। · स्थानीय पुलिस भी है इन ठगों से परेशान, आमजन की सावधानी हेतु पुलिस ने चस्पा कर रखे हैं होर्डिंग व बोर्ड।




इन्दौर- दिनांक 02 अगस्त 2019- अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक इंदौर जोन इंदौर महोदय श्री वरूण कपूर द्वारा ऑनलाईन शापिंग प्लेटफार्म जैसे ओएलएक्स (OLX) पर एवं ई कामर्स बेवसाईट (E commerce website) पर फर्जी विज्ञापन डालकर, तथा फर्जी तरीके से स्वयं को आर्मी तथा सुरक्षा बलों के कर्मचारी बताकर, स्वयं की पहचान छुपाते हुये ठगी की वारदातों को अंजाम दे रहें अपराधियों की धरपकड़ कर, ऐसी वारदातों पर अंकुश पाने के लिये कार्ययोजना तैयार कर कार्यवाही करने हेतु क्राईम ब्रांच इंदौर को निर्देशित किया गया था। उक्त निर्देशों के तारतम्य में वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इन्दौर श्रीमती रुचिवर्धन मिश्र द्वारा ओएलएक्स (OLX) पर हो रहे फ्रॉड के संबंध में विभिन्न माध्यमों से लगातार बढ़ती हुई संखया में प्राप्त हो रहीं शिकायतों पर कार्यवाही कर, दोषियों के विरूद्ध अपराध पंजीबद्ध किये जाने तथा पतारसी कर उनकी गिरफ्तारी कर अपराधों पर अंकुश लगाने के लिये इंदौर पुलिस को निर्देशित किया गया। इसी अनुक्रम में पुलिस अधीक्षक (मुखयालय) इंदौर श्री अवधेश कुमार गोस्वामी के मार्गदर्शन में अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक (अपराध) श्री अमरेन्द्र सिंह द्वारा इस विषय की क्राईम ब्राँच में प्राप्त हो रही शिकायतों की गहनता से जांच कराई जाकर, नामजद 79 आरोपियों सहित अन्य के विरूद्ध, थाना अपराध शाखा इन्दौर में अपराध क्रमांक 04/19 धारा 419,420,467,468,469,471,506 भादवि एवं 66 आईटी एक्ट के तहत अपराध पंजीबद्ध किया गया था।

वारदात तरीका -     

        आज के दौर मे कम्प्यूटर, स्मार्ट फोन और अन्य संचार के साधन तकनीकी उपकरण हमारे जीवन का अभिन्न अंग बन चुके हैं। वर्तमान परिवेद्गा में, कैशलेस अर्थव्यवस्था को बढ़ावा देने, मोबाईल बैंकिंग, ई-बैंकिंग (ऑनलाईन बैंकिंग), ई वॉलेट, गूगल पे, फोन पे, पेटीएम आदि के अधिकाधिक प्रयोग से, फ्रॅाड व्यक्तियों व्दारा ओ.एल.एक्स. ऑनलाईन शॉपिंग साईट्‌स पर मंहगे मोबाईल फोन, तथा दोपहिया वाहन एवं चार पहिया वाहन आदि को बेचने के लिये विज्ञापन जारी किये जाते हैं तथा ओ.एल.एक्स. के विज्ञापन में उत्पाद के फोटो सहित संपंर्क हेतु मोबाईल नम्बर लेख किये जाते हैं। खरीददार व्यक्तियों द्वारा जब उत्पाद को खरीदने के लिये दिये गये मोबाईल नम्बर पर संपंर्क किया जाता है तब कॉल रिसीव करने वाले अज्ञात व्यक्ति, स्वयं को आर्मी, सी.आई.एस.एफ. एवं अन्य डिफेन्स फोर्सेस का कर्मचारी होना बताते हैं तथा खरीददार का भरोसा जीतने के लिये उसको फर्जी तरीके से बनाए गये डिफेन्स सर्विसेस के आई.डी. कार्डस्‌ आदि की प्रति भेजते हैं। खरीददार द्वारा खरीददारी करते वक्त, ये ठग गिरोह के लोग, मोबाईल, टू व्हीलर, फोर व्हीलर वाहन तथा अन्य उत्पादों के फर्जी तथा जाली बिल, स्वयं की पहचान के नकली आधार कार्ड, आदि खरीददार को व्हॉट्‌सएप्प पर भेजकर यह विश्वास दिलाते हैं कि अनावेदक किसी डिफेंस सर्विसेस में कार्यरत्‌ हैं एवं आर्म्‌ड फोर्स में रहकर देश की सेवा कर रहे हैं। इन ठगोरों पर विश्वास करके खरीददार, एडवांस राशि ठगोरों के बताये अनुसार ई-वॉलेट एवं उनके निजी खातों में जमा कर भुगतान करके चुका देते हैं।
ठगी एवं धोखाधड़ी करने वाले आरोपी इतने चालाक होतें हैं कि ठगी करने के लिये खरीददारों को उत्पाद कोरियर के माध्यम से भेजे जाने का प्रलोभन देकर उन्हें फर्जी कोरियर स्लिप, पार्सल देते हुए फोटोग्राफ, आदि जाली दस्तावेज व्हॉट्‌सएप्प पर भेजकर यह विश्वास दिलाते हैं कि उनके द्वारा खरीदी गई वस्तु आर्मी ओवरनाइट कोरियर के माध्यम से भेज दी गयी है। इसके बाद इन्हीं ठगोरों के द्वारा एक-दो दिवस किसी अन्य मोबाईल नंम्बर से खरीददारों से सम्पर्क करस्वयं को कोरियर बॉय बताया जाता है तथा यह यकीन दिलाया जाता है कि आपके द्वारा बुक की गयी वस्तु (मोबाईल फोन, टू व्हीलर, फोर व्हीलर आदि) आपके पते पर डिलीवरी भेजे जाने हेतु संबंधित कोरियर कार्यालय में आ चुकी है लेकिन बदले में खरीददारों से एडवांस भुगतान के बाद चुकाई जाने वाली शेष राद्गिा का भुगतान हेतु यह कहकर विवश किया जाता है कि शेष राशि का भुगतान ऑनलाईन माध्यम से प्रदाय किये गये ई वालेट अथवा बैंक खातों में जमा कर, तत्काल किया जावे तभी वस्तु आपके सुपुर्द की जायेगी। विश्वास करते हुये कई खरीददारों द्वारा वस्तु के सौदे के लिये तय की गई संपूर्ण राशि ठगोरों के ई वॉलेट्‌स एवं बैंक खातों में ट्रांसफर कर भुगतान कर दी जाती हैं। संपूर्ण राशि प्राप्त होने के बाद भी जब उन्हें खरीदी गई वस्तु प्राप्त नहीं होती है ना ही उनके द्वारा भुगतान की गई राशि वापस प्राप्त होती है ऐसी स्थिति में खरीददार स्वयं को ठगा हुआ महसूस कर शिकायत करते हैं।
सिर्फ क्राईम ब्रांच में वर्ष 2018 एवं वर्ष 2019 मे (OLX) बेवसाईट पर कार, मोटरसायकल, मोबाईल व अन्य कीमती सामान के क्रय-विक्रय से संबंधित छलकपटपूर्वक, ठगी एवंधोखाधडी के 100 से अधिक प्रकरण शिकायतों के माध्यम संज्ञान में आये हैं जिन पर से थाना अपराध शाखा मे अपराध क्रमाँक 06/18 धारा 419, 420, 467, 468, 471, 120बी, भादवि एवं आईटी एक्ट तथा वर्ष 2019 मे अपराध क्रमाँक 04/19 धारा 419, 420, 467, 468, 471, 120बी, भादवि के तहत, अपराध पंजीबद्ध कर थाना अपराध शाखा द्वारा विवेचना की जा रही है।
दौराने विवेचना यह तथ्य ज्ञात हुआ कि इस प्रकार की धोखाधडी करने वाले व्यक्ति म0प्र0, 0प्र0, राजस्थान, पश्चिम बंगाल, हरियाणा, दिल्ली, महाराष्ट्र, बिहार, उत्तराखण्ड, तेलंगाना, झारखण्ड, छत्तीसगढ़ तथा पंजाब के रहवासी हैं जोकि ना सिर्फ म0प्र0 अपितु संपूर्ण राष्ट्र में व्यापक स्तर पर ठगी का नेटवर्क स्थापित कर बैंठें है। राजस्थान हरियाणा के सीमावर्ती ईलाके मेवात क्षेत्र में बैठ कर ठगी कर रहें व्यक्तियों को स्थानीय भाषा मे ''टटलू'' कहते हैं। यह क्षेत्र काफी अशिक्षित, दुर्गम, व अविकसित है। इन ठगोरों की गिरफ्तारी हेतु तकनीकी उपक्रमों के आधार पर सूचना संकलित कर, उप पुलिस अधीक्षक श्री आलोक शर्मा के नेतृत्व मे दस सदस्य की टीम रवाना हुई जिनके द्वारा स्थानीय राजस्थान पुलिस के साथ मिलकर सीमावर्ती इलाकोंविशेषकर मेवात क्षेत्र में आरोपियों की गहन पतारसी की गई।
         टीम ने आरोपीगणों को चिन्हित कर उनकी तलाश में भरतपुर राजस्थान के ग्राम कामा, झेंझपुरी, गडी झिलपट्टी, पहाड़ी, डिमरी एवं जाजमका आदि जगहों पर पहुंचकर दबिश दी जहां कामा गांव से आरोपी गोकुल प्रसाद पिता राधेलाल उम्र 48 साल नि. पवनकुंज कालोनी कामा भरतपुर राजस्थान, को पतासाजी कर पकड़ा गया। आरोपी अपराध शाखा इंदौर के अपराध क्रमांक 04/19 नामजद आरोपी था। फरियादी द्वारा की गई शिकायत की जांच में यह बात सामने आई थी कि उसको ओएलएक्स पर स्वीफ्ट डिजायर कार खरीदने के लिये, 1.5 लाख रुपये जमा कराये जाकर अज्ञात व्यक्ति ने ठग लिया जिसके मोबाईल नम्बर तथा बैंक डिटेल की जानकारी के आधार गोकुल प्रसाद पिता राधेलाल उम्र 48 साल के विरूद्ध प्रकरण कायम किया गया था जिसने पुलिस पूछताछ में उपरोक्त वारदात को अंजाम दिया जाना स्वीकार किया है। आरोपी से घटना मे प्रयुक्त मोबाईल फोन भी बरामद किया गया है। अन्य गिरफ्तार किये गये आरोपी 2. विकास कुशवाह पिता रामअवतार कुशवाह उम्र 20 साल निवासी ग्राम माता का पुरा गोहद भिंड अपराध शाखा के अपराध क्रमाँक 06/18 धारा420, 419, 467, 468, 471, 120-बी भादवि में फरार चल रहा था, जिसने इंस्टाग्राम पर सस्तें दामों में एप्पल आईफोन मोबाईल बेचने का फर्जी विज्ञापन डालकर, एक फरियादी से एडवांस बतौर 15 हजार रुपये जमा कराकर, धोखाधडीपूर्वक ठगी की गई थी। आरोपी विकास कुशवाह व्दारा जुर्म स्वीकार किया गया जिसके कब्जे से घटना मे प्रयुक्त मोबाईल व सिम जप्त की गयी है। 
         आरोपीगणों ने पूछताछ में बताया कि वे लोगों से ठगी का पैसा इंटरनेट बैंकिंग के माध्यम से किसी अन्य व्यक्ति के खाते में डलवाते हैं जिसके खाते मे वह पैसा डलवाते है उस खाते से वह पैसा निकालने के लिये कभी भी गाँव से बाहर नहीं जाते हैं इसके लिये उन्होंने एक ई-मित्र बनाये हुयें है जोकि सायबर कैफे चलाते हैं तथा0 ठगी से प्राप्त राशि को बैंक खाते से आहरित कर, कमीशन लेकर आरोपीगणों को देते है।
         आरोपी गोकुल ने पूछताछ में बताया कि वह कक्षा 8वीं तक पढ़ा है तथा ग्राम कामा जिला भरतपुर राजस्थान का रहने वाला है तथा पेशे से ड्रायवर है। आरोपी ने बताया कि कामा के आसपास के गाँवों में मेवाती लोग रहते हैं जिसमें अधिकतम युवा (OLX) वेबसाईट के माध्यम ठगी करते हैं। उन्हीं मेवाती लोगों के संपर्क मे रहकर आरोपी गोकुल ने ठगी का तरीका सीखा था। आरोपी विकास कुशवाह निवासी गोहद, जिला भिंड ने पूछताछ में बताया कि वह कक्षा 12वीं तक पढ़ा है तथा वर्तमान में प्रतियोगी परीक्षाओं की तैयारी कर रहा है। आरोपी ने जुर्म कबूलते हुये बताया कि उसने इंस्टाग्राम पर एप्पल आईफोन बेचने के लिये एड डाला था एड को देखकर महिम गोयल नामक व्यक्ति ने उससे संपर्क किया तो 15 हजार रुपये मे फोन का सौदा वाट्‌सएप पर तय हो गया था। आरोपी व्दारा कुल 15000/- रुपये फरियादी से एडवांस आनलाईन बैकिंग के माध्यम से डलवाये गये किन्तु उसे ना तो मोबाईल भेजा गया ना ही पैसे लौटाये गये।
            क्राईम ब्राँच इंदौर को (OLX) पर ऑनलाईन ठगी करने वाले गिरोह के 02 सदस्यों को गिरफ्तार करने मे सफलता हासिल हुयी है आरोपियों का पुलिस रिमाण्ड लिया जाकर, अन्य ठगोरों तथा गिरोह के लोगों के संबंध में विस्तृत पूछताछ की जायेगी।



इन्दौर पुलिस द्वारा अपराधियों एवं असमाजिक तत्वों के विरूद्ध की जा रही प्रभावी कार्यवाही में, 90 अपराधी एवं असमाजिक तत्व इन्दौर पुलिस की गिरफ्त में




इन्दौर-दिनांक 02 अगस्त 2019-वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक इंदौर, श्रीमती रूचि वर्धन मिश्र के निर्देशन में इन्दौर पुलिस के द्वारा कल दिनांक 01 अगस्त 2019 के सुबह से आज दिनांक 02 अगस्त 2019 के सुबह तक फरार, स्थायी व गिरफ्तारी वारंटियों तथा अपराधियों व असमाजिक तत्वों के विरूद्ध प्रभावी कार्यवाही करते हुए कुल 90 अपराधियों एवं असमाजिक तत्वों को गिरफ्तार किया गया। जिसके अंतगर्त-

24 आदतन व 22 संदिग्ध बदमाश गिरफ्तार
इन्दौर पुलिस द्वारा कल दिनांक 01 अगस्त 2019 को शहर में अपराध करने की नीयत से घूमने वाले संदिग्ध बदमाशों तथा ऐसे आदतन अपराधी जो अपराध के बल पर ही अपनी आजिविका चलाते है, के विरूद्ध विभिन्न थाना क्षैत्रान्तर्गत में वैधानिक कार्यवाही करते हुए 24 आदतन व 22 संदिग्ध बदमाशों को गिरफ्तार किया जाकर धारा 110, 151 जा.फौ. के तहत प्रतिबन्धात्मक कार्यवाही की गई।

01 गैर जमानती, 32 गिरफ्तारी एवं 112 जमानती वारण्ट तामील
इन्दौर पुलिस द्वारा शहर में विभिन्न थाना क्षेत्रान्तर्गत में कलदिनांक 01 अगस्त 2019 को 01 गैर जमानती, 32 गिरफ्तारी एवं 112 जमानती वारण्ट तामील किये गये। पुलिस द्वारा अपने-अपने थाना क्षेत्रो में, न्यायालयों द्वारा विभिन्न प्रकरणो में जारी बदमाशों, अपराधियों एवं असमाजिक तत्वों के वारन्ट तामिल कराकर, वैधानिक कार्यवाही की गयी।

जुऍ/सट्‌टे की गतिविधियों मे लिप्त मिलें, 09 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस थाना राऊ द्वारा कल दिनांक 01 अगस्त 2019 को 18.10 बजे, मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर बाडी मोहल्ला राऊ से ताश पत्तो द्वारा हार-जीत का जुऑ खेलते हुए मिलें, संतोष पिता रतन हिरवा, दिनेश पिता केशर बौडाना, सचिन पिता मुन्नालाल खाण्डे तथा प्रकाश पिता धूलचंद मालवीय को पकडा गया। पुलिस द्वारा इनके कब्जे से नगदी व ताश पत्ते जप्त किये गये।
पुलिस थाना क्षिप्रा द्वारा कल दिनांक 01 अगस्त 2019 को 17.20 बजे, मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर सब्जी मण्डी हाट मैदान मांगलिया से ताश पत्तो द्वारा हार-जीत का जुऑ खेलते हुए मिलें, राज पिता नर्मदाप्रसाद माहेश्वरी, राजेश पिता रमेश परमार, जितेन्द्र पिता मांगीलाल परमार, रामसिंह पिता कालूसिंह तथा संजय पिता भागीरथ को पकडा गया। पुलिस द्वारा इनके कब्जे सेनगदी व ताश पत्ते जप्त किये गये।
पुलिस द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार कर इनके विरूद्व जुआं/सट्‌टा एक्ट के तहत्‌ प्रकरण पंजीबद्व कर कार्यवाही की गयी है।
अवैध हथियार सहित 02 आरोपी गिरफ्तार
पुलिस थाना एमआईजी द्वारा कल दिनांक 01 अगस्त 2019 को 13.15 बजे, मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर नेहरू नगर रोड़ नं. 5 से अवैध हथियार लेकर घूमते हुए मिलें, 99/5 लालपुरा इंदौर निवासी नंदकिशोर पिता हीरालाल रठा को पकडा गया। पुलिस द्वारा इनके कब्जे से एक अवैध कटार जप्त की गयी।
पुलिस थाना चंदन नगर द्वारा कल दिनांक 01 अगस्त 2019 को 18.40 बजे, मुखबिर से मिलीं सूचना के आधार पर स्कीम नं. 71 सिरपुर तालाब की पाल के पास से अवैध हथियार लेकर घूमते हुए मिलें, 42 ग्रीन पार्क कालोनी इंदौर निवासी एजाज खान पिता सईद खां को पकडा गया। पुलिस द्वारा इनके कब्जे से एक अवैध कटारनुमा खुफरी जप्त की गयी।
पुलिस द्वारा आरोपियों को गिरफ्तार कर इनके विरूद्व आर्म्स एक्ट के तहत्‌ प्रकरण पंजीबद्व कर कार्यवाही की गयी है।

Thursday, August 1, 2019

▪ मकान विवाद के चलते हुई हत्या की वारदात का खुलासा ▪राधाबाई की हत्या का मुख्य आरोपी सुमेर पण्डित गिरफ्तार।

थाना एम.आई.जी. के हत्या के प्रकरण में,  सुमेर समेत सभी 5 आरोपी गिरफ्तार ।
आरोपी सुमेर पंडित पर था 10,000 रूपये का ईनाम।
मकान खाली कराने की नियत से किया था हमला।
पूर्व मे भी मकान खाली कराने को लेकर दी थी मृतिका को धमकी।
प्रकरण मे गिरफ्तारी के बाद आरोपी सुमेर पंडित पर लगी थी रासुका।
मकान मालिक पीयुष गॉधी का चल रहा था राधाबाई से विवाद।
पीयुश गॉधी व पंकज खण्डेवाल के धमकाने के बाद की थी राधाबाई के पति ने आत्महत्या।
ओमप्रकाश की आत्महत्या के मामले मे हुए थे पीयुष व पंकज गिरफ्तार ।
गुण्डे सुमेर पंडित ने ली अर्पित उर्फ राज मोर्य व गौरव धाकड  गौपाला व सुमित की मदद।
हत्या के षडयत्र मे मदद करने पर भी अर्पित, गौरव और गोपाल की गिरफ्तारी।
मकान मालिक पीयूष गॉधी भी प्रकरण मे गिरफ्तार।

इंदौर- दिनाँक 01 अगस्त 2019- दिनांक 25.07.2019 को पुलिस को सूचना प्राप्त हुई कि राधाबाई को सूमेर पंडित नाम के गुण्डे ने घर खाली करने के लिये चाकू से वार किया है, पुलिस द्वारा तत्काल मौके पर पहुच कर आरोपियो पतारसी की कार्यवाही की गई ।  मौके के साक्षियों एवं मोहल्ले पडोसियों से पूछताछ की गई इसके अतिरिक्त मोहल्ले में उपलब्ध सीसीटीव्ही कैमरों का बारीकी से परीक्षण किया गया ।  प्रकरण के पडताल में यह तथ्य सामने आया कि मृतिका राधाबाई जिस मकान में रहती है । मृतिका राधाबाई और उसके स्व पति ओमप्रकाश कुशवाह का विवाद मकान मालिक पीयूष गॉधी से चल रहा है। इसी विवाद के चलते दिनांक 22.06.2017 (मृत्यु दिनांक 30.06.2017) को मृतक ओमप्रकाश कुशवाह ने एक आवेदन पुलिस अधीक्षक कार्यालय में दिया था। जिसमें दिनांक 16.06.2017 को मकान मालिक पीयूष गांधी के साथ 4-5 गुंडों को धमकाने हेतु निवास पर आने का उल्लेख किया था। जिसमें एक गुंडे का नाम पंकज खंडेलवाल बताया था।
दिनांक 30.06.2017 को मृतक ओमप्रकाश कुशवाह की जहरीली वस्तु खाने से मृत्यु हो गई थी। थाना एम.आई.जी. पर मर्ग क्रमांक 31/17 धारा 174 जाफौ के प्रकरण की जांच में सुसाईड नोट जप्त हुआ था। सुसाईड नोट में मकान मालिक पीयूष गांधी और , पंकज खंडेलवाल का उल्लेख किया था। प्रकरण की एफ.आई.आर. क्रमांक 494/17 धारा 306, 34 भादवि दिनांक 07.09.2017 पुलिस थाना एमआईजी मर्ग जांच क्रमांक 31/17 धारा 174 जाफौ की जांच उपरान्त की गई थी। प्रथम सूचना रिपोर्ट में दो आरोपी नामजद थे। पीयूष गांधी पिता स्व. अरूण गांधी, मनोरमागंज इंदौर एवं पंकज खंडेलवाल के नाम एफ.आई.आर. में उल्लेखित हैं। प्रकरण में मुख्य आरोपी पीयूष गांधी और पकंज खण्डेलवाल को गिरफ्तार किया जा चुका है।
ओमप्रकाश कुशवाह के मृत्यू पश्चात दिंनाक 27.10.2017 को मृतक की पत्नि राधाबाई के द्वारा थाना एमआईजी पर अपराध क्रंमाक 605/17 धारा 294 506 भादवि का प्रकरण आरोपी सुमेर पंडित के विरूद्व दर्ज कराया था। अपराध क्रंमाक 605/17 धारा 294 506 भादवि का प्रकरण आरोपी सुमेर पंडित घटना दिंनाक 27.10.2017 को मृतिका राधाबई के घर पर पहुचा व मकान खाली करने की धमकी दी। मृतिका के द्वारा आरोपी को मकान मालिक पीयूष गॉधी से बात करने का बताया।  प्रकरण में गिरफ्तारी के पश्चात् सूमेर पण्डित पर रासुका की कार्यवाही की गई थी ।
आरोपी सुमेर पंडित और मृतिका राधाबाई आसपास के मोहल्ले मे रहते है जहॉ पर आरोपी सुमेर पंडित द्वारा मृतिका पर निगाह रखना व प्रभाव जमाना असान है। आरोपी सुमेर पंडित थाना एमआईजी हिस्ट्रीशीटर गुण्डा है और जिसकी आय का साधन ही मकान दुकान की अडीबाजी करना है। चुकि मृतक ओमप्रकाश कुशवाह की मृत्यू होने के कारण इसबात का खुलासा नही हो पाया कि आरोपी सुमेर पंडित व पीयूष गॉधी मृतक से मिले।
चुकि सूमेर पंडित पूर्व मे भी मृतिका को मकान मालिक पीयूष गॉघी की तरफ से पूर्व मे धमका चुका था। और पुनः राधाबाई पर हमला किया जिसके फल स्वरूप राधाबाई की मृत्यू हो गई। वर्तमान मे राधाबाई की मृत्यू से सीधा लाभ सुमेर पंडित को नही होने वाला है। मृतिका राधाबाई अपने पति के पश्चात विवादस्पद मकान मे अपनी पुत्र  व पुत्रवधू के साथ निवास कर रही है। यदि मकान राधाबाई के मृत्यू के पश्चात खाली होता है तो सीधा लाभ मकान मालिक पीयूष गॉधी को ही होता।

*नाम पता आरोपी - गिरफ्तार - प्रकरण मे भूमिका-*

 *1 सुमेर पंडित पिता मुकुट त्रिवेदी उम्र 24 साल नि0 288 जगजीवन राम नगर इन्दौर - गिरफ्तार - मकान खाली कराने हेतु राधा बाई की हत्या*
*2 पीयुष गॉधी पिता स्व. अरूण गॉधी उम्र 44 साल मनोरमा गज इन्दौर - गिरफ्तार - मकान मालिक मृतिका से मकान खाली के लिये  हत्या के लिये दुष्प्रेरित व षड्यंत्र करना।*
*3 अर्पित उर्फ राज पिता सोहनलाल मौर्य - गिरफ्तार - हत्या मे आरोपी की मदद करना, रैकी करना*
*4 गौरव पिता बाबुलाल घाकड उम्र 24 नि0 जगजीवन राम नगर इन्दौर -  गिरफ्तार - हत्या मे आरोपी की मदद करना, रैकी करना स्कूटी उपलब्ध कराना।*
*5 गौपाला उर्फ सचिन पिता दयाराम शर्मा नि. जगजीवनराम नगर इन्दौर - गिरफ्तार - हत्या मे आरोपी की मदद करना, रैकी करना*_
सूमेर पण्डित के द्वारा अपने साथी गौरव, अर्पित और गोपाला के साथ बैठकर शराब पीते है और विजय भांग दुकान पर भांग खाते है । एक ही मोहल्ले में रहने एवं साथ-साथ नशे करने के कारण आपसी मेल मिलाप अच्छा है । सूमेर पण्डित पूर्व में भी मकान खाली करने के लिये पीयुष गांधी की मदद कर चुका है । इसके लिये वह राधाबाई को धमकाने भी गया था ।  घटना की शाम योजनाबद्ध तरीके से पण्डित के द्वारा अपने साथी गौरव, अर्पित और गोपाला के साथ बैठकर षडयंत्र बनाया ।  इसकी परिणीती राधाबाई की हत्या के रूप में हुई । घटना के बाद आरोपीगण फरार हो गये थे । दर्जनो लोगो से वप संदिहों से पूछताछ के बाद इन आरांपियों को गिरफ्तार किया गया है ।  सूमेर और गोपाला उर्फ सचिन को न्यायालय में प्रस्तुत होते ही गिरफ्तार कर लिया गया आरोपीगण 5 अगस्त 2019 तक की रिमांड पर है। मकान मालिक और सूमेर पण्डित के मध्य हत्या को लेकर हुई सौदेबाजी का खुलासा रिमाण्ड के दौरान पूछताछ पर होगा ।
       प्रकरण की पतारसी हेतु श्री वरूण कपूर अतिरिक्त पुलिस महानिदेशक, इन्दौर जोन, इन्दौर और श्रीमती रूचिवर्धन मिश्र के द्वारा प्रकरण में  शीघ्र आरोपियों की गिरफ्तारी के निर्देश दिये गये थे ।  पुलिस अधीक्षक, पूर्व जिला इन्दौर मो. युसूफ कुरैशी के नेतृत्व में श्री शैलेन्द्र सिंह चौहान, अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक पूर्व जोन-2 एवं श्री हरीश मोटवानी नगर पुलिस अधीक्षक, विजयनगर के साथ घटनास्थल का निरीक्षण कर, प्रकरण में आरोपियों की गिरफ्तारी हेतु आवश्यक दिशा-निर्देश  दिये गये।
       उक्त कार्यवाही में वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में थाना प्रभारी एम.आई.जी. इन्द्रेश त्रिपाठी, उनि नितीन पटेल, प्र.सउनि राधेश्याम, प्रआर. अनिल पाटिल, आर. विकास आर. योगेश झोपे, आर. नीरज रघुवंशी, आर. अनुपम मिश्रा, आर. अजय व थाना स्टॉफ की सराहनीय भूमिका रही ।